Jammu & Kashmir : अखनूर सेक्टर में LoC के पास IED विस्फोट, कैप्टन सहित दो जवान शहीद

Jammu & Kashmir : जम्मू-कश्मीर के अखनूर सेक्टर में नियंत्रण रेखा (LoC) के पास एक जोरदार विस्फोट हुआ, जिसमें एक कैप्टन सहित दो सैनिक शहीद हो गए, जबकि एक जवान घायल हो गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह आईईडी (इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस) विस्फोट था, जिसे आतंकियों द्वारा बिछाया गया था।
कैसे हुआ हादसा?
मंगलवार को अखनूर सेक्टर के भट्टल इलाके में भारतीय सेना के जवान गश्त कर रहे थे। इसी दौरान, करीब 3:50 बजे एक चौकी के पास जबरदस्त विस्फोट हुआ। धमाके में तीन जवान गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनमें से दो सैनिकों ने दम तोड़ दिया, जबकि तीसरा जवान अब खतरे से बाहर बताया जा रहा है।
व्हाइट नाइट कोर ने शहीदों को दी श्रद्धांजलि
भारतीय सेना की व्हाइट नाइट कोर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (Twitter) पर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने लिखा, "अखनूर सेक्टर के लालेली क्षेत्र में बाड़ के पास गश्त के दौरान संदिग्ध आईईडी विस्फोट हुआ, जिसमें दो जवान शहीद हो गए। हमारे सैनिक क्षेत्र पर नियंत्रण बनाए हुए हैं और तलाशी अभियान जारी है। व्हाइट नाइट कोर दो बहादुर सैनिकों के सर्वोच्च बलिदान को नमन करता है।"
इलाके की घेराबंदी, तलाशी अभियान जारी
विस्फोट के तुरंत बाद पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी गई है और सुरक्षा बलों द्वारा तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। सेना और खुफिया एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि आईईडी विस्फोट में कौन से आतंकवादी गुट शामिल हैं।
श्रीनगर में सैनिक ने की आत्महत्या
इस बीच, श्रीनगर में एक सैनिक ने अपनी सर्विस राइफल से खुद को गोली मार ली। यह घटना मंगलवार सुबह बादामीबाग फौजी छावनी में घटी। आत्महत्या करने वाले जवान की पहचान सत्यजीत कंढोल (पुत्र सज्जाह हिंस, निवासी परियाणा, पानीपत) के रूप में हुई है।
मौत के कारणों की जांच जारी
सहकर्मियों ने घायल सत्यजीत कंढोल को तुरंत फौजी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अब तक आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल सका है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सुरक्षा बलों पर दोहरी चुनौती
जम्मू-कश्मीर में एक तरफ आतंकी गतिविधियां लगातार जारी हैं, वहीं दूसरी ओर सैनिकों की मानसिक तनाव से जुड़ी घटनाएं भी चिंता का विषय बनी हुई हैं। सेना और प्रशासन इस पर गंभीरता से विचार कर रहे हैं ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
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