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27 साल बाद दिल्ली में BJP की सत्ता वापसी : रेखा गुप्ता बनी मुख्यमंत्री, प्रवेश वर्मा सहित इन 6 विधायकों ने ली मंत्री पद की शपथ

27 साल बाद दिल्ली में BJP की सत्ता वापसी : रेखा गुप्ता बनी मुख्यमंत्री, प्रवेश वर्मा सहित इन 6 विधायकों ने ली मंत्री पद की शपथ

Delhi CM Rekha Gupta Oath Ceremony : राजधानी दिल्ली में 27 साल बाद बीजेपी की सरकार बनी और आज रेखा गुप्ता ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। चुनावी नतीजे घोषित होने के बाद से मुख्यमंत्री के नाम को लेकर अटकलें चल रही थीं, लेकिन अब इंतजार खत्म हो गया है। रेखा गुप्ता दिल्ली की चौथी महिला मुख्यमंत्री बन गई हैं। उन्होंने शालीमार बाग सीट से आम आदमी पार्टी की पूर्व विधायक बंदना कुमारी को बड़े अंतर से हराया।

शपथ ग्रहण समारोह और नई कैबिनेट का गठन

शपथ ग्रहण समारोह दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में आयोजित किया गया, जहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, कई केंद्रीय मंत्री, बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्री और अन्य गणमान्य हस्तियां मौजूद रहीं। कार्यक्रम में लगभग 50 हजार नेता, कार्यकर्ता और समर्थक शामिल हुए।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के बाद उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना ने अन्य मंत्रियों को भी शपथ दिलाई। शपथ लेने वाले मंत्रियों में प्रवेश वर्मा, आशीष सूद, मनजिंदर सिंह सिरसा, रविंदर सिंह इंद्राज, कपिल मिश्रा और पंकज सिंह शामिल हैं।

बीजेपी ने इस मंत्रिमंडल में जातीय और क्षेत्रीय संतुलन बनाए रखने की रणनीति अपनाई है, जिसमें जाट, पंजाबी, सिख और पूर्वांचल समुदायों को विशेष रूप से प्रतिनिधित्व दिया गया।

कौन हैं रेखा गुप्ता?

रेखा गुप्ता दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (DUSU) की पूर्व अध्यक्ष रही हैं और पहली बार विधायक बनी हैं। वे दिल्ली की नौवीं मुख्यमंत्री और बीजेपी की चौथी मुख्यमंत्री हैं। उनसे पहले मदन लाल खुराना, साहिब सिंह वर्मा और सुषमा स्वराज बीजेपी के मुख्यमंत्री रह चुके हैं।

रेखा गुप्ता दो बार पार्षद और मेयर भी रह चुकी हैं। राजनीति में वे अपनी बेबाकी और मुखरता के लिए जानी जाती हैं। उनका राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से भी गहरा नाता है।


बीजेपी सरकार के नए मंत्रियों की प्रोफाइल

1. प्रवेश वर्मा

  • पूर्व मुख्यमंत्री साहिब सिंह वर्मा के बेटे।
  • नई दिल्ली सीट से अरविंद केजरीवाल को हराकर विधायक बने।
  • लोकसभा सांसद भी रह चुके हैं।
  • जाट समुदाय का प्रतिनिधित्व करते हैं, जो दिल्ली और हरियाणा में बीजेपी के लिए अहम वोट बैंक है।

2. आशीष सूद

  • जनकपुरी सीट से पहली बार विधायक चुने गए।
  • पंजाबी समुदाय से आते हैं।
  • बीजेपी संगठन में लंबे समय तक काम कर चुके हैं।
  • गोवा बीजेपी के प्रभारी और जम्मू-कश्मीर के सहप्रभारी रहे हैं।

3. मनजिंदर सिंह सिरसा

  • राजौरी गार्डन से आप उम्मीदवार धनवंती चंदेला को हराया।
  • बीजेपी के राष्ट्रीय सचिव हैं।
  • पहले शिरोमणि अकाली दल में थे, 2021 में बीजेपी में शामिल हुए।
  • सिख समुदाय के बड़े चेहरे के रूप में उभरे हैं।

4. रविंदर सिंह इंद्राज

  • बवाना विधानसभा सीट से विधायक चुने गए।
  • अनुसूचित जाति (SC) समुदाय का प्रतिनिधित्व करते हैं।
  • बीजेपी के SC मोर्चा में राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य रहे हैं।
  • साफ-सुथरी छवि वाले नेता, जिन पर कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है।

5. कपिल मिश्रा

  • करावल नगर सीट से विधायक बने।
  • राजनीति की शुरुआत आम आदमी पार्टी से की, 2019 में बीजेपी में शामिल हुए।
  • दिल्ली सरकार में जल संसाधन मंत्री रह चुके हैं।
  • 2023 में बीजेपी दिल्ली के उपाध्यक्ष बनाए गए।

6. पंकज सिंह

  • करियर की शुरुआत दिल्ली नगर निगम से की।
  • बिहार के बोधगया की मगध यूनिवर्सिटी से डेंटल सर्जरी में डिग्री हासिल की।
  • एमसीडी में कई अहम जिम्मेदारियाँ संभाल चुके हैं।
  • करावल नगर सीट से विधायक चुने गए।

बीजेपी की नई सरकार: दिल्ली की राजनीति में बदलाव का संकेत

बीजेपी ने 27 साल बाद दिल्ली में सत्ता हासिल कर एक बड़ा राजनीतिक उलटफेर किया है। नए मंत्रिमंडल में अनुभवी और युवा नेताओं के मिश्रण के साथ जातीय और क्षेत्रीय संतुलन को साधने की कोशिश की गई है। आने वाले दिनों में दिल्ली की नई सरकार की नीतियों और योजनाओं पर जनता की नजरें टिकी रहेंगी।